क्या आपका घर वास्तु के अनुकूल है? एक स्व-मूल्यांकन गाइड

क्या आपका घर वास्तु के अनुकूल है? एक स्व-मूल्यांकन गाइड

Mukesh Sah

3/12/20241 min read

श्री युग कंस्ट्रक्शंस आपके लिए वास्तु शास्त्र के आधार पर अपने घर का स्व-मूल्यांकन करने के लिए एक गाइड प्रस्तुत करता है।

वास्तु शास्त्र एक प्राचीन भारतीय विज्ञान है जो घरों और अन्य भवनों के निर्माण के लिए दिशानिर्देश प्रदान करता है। यह ऊर्जा के प्रवाह को संतुलित करने और सकारात्मक वातावरण बनाने पर केंद्रित है।

यह गाइड आपको यह निर्धारित करने में मदद करेगा कि आपका घर वास्तु के सिद्धांतों के अनुरूप है या नहीं।

1. दिशा:

  • मुख्य द्वार: क्या आपके घर का मुख्य द्वार पूर्व या उत्तर दिशा में है?

  • रसोई: क्या आपकी रसोई घर के आग्नेय कोण (दक्षिण-पूर्व) में है?

  • सोने का कमरा: क्या आपका सोने का कमरा पश्चिम या दक्षिण-पश्चिम दिशा में है?

  • पूजा कक्ष: क्या आपका पूजा कक्ष घर के ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) में है?

2. खुला स्थान:

  • क्या आपके घर में पर्याप्त खुला स्थान और हरियाली है?

  • क्या आपके घर में प्राकृतिक प्रकाश और वेंटिलेशन पर्याप्त है?

3. फर्नीचर:

  • क्या आपके घर का फर्नीचर वास्तु के अनुरूप है?

  • क्या आपके घर में भारी फर्नीचर या अव्यवस्था है?

4. रंग:

  • क्या आपके घर में रंगों का उपयोग वास्तु के अनुसार किया गया है?

  • क्या आपके घर में बहुत अधिक गहरे या चमकीले रंगों का उपयोग किया गया है?

5. अन्य:

  • क्या आपके घर में कोई वास्तु दोष है, जैसे कि टूटी हुई खिड़कियां या दरवाजे?

  • क्या आपके घर में कोई नकारात्मक ऊर्जा है?

यदि आपने इनमें से अधिकांश प्रश्नों के उत्तर "नहीं" में दिए हैं, तो आपका घर वास्तु के अनुकूल नहीं हो सकता है।

हालांकि, चिंता न करें। आप अपने घर को वास्तु के अनुकूल बनाने के लिए कई बदलाव कर सकते हैं।

यहां कुछ सुझाव दिए गए हैं:

  • मुख्य द्वार: यदि आपका मुख्य द्वार पूर्व या उत्तर दिशा में नहीं है, तो आप इसे उस दिशा में स्थानांतरित करने पर विचार कर सकते हैं।

  • रसोई: यदि आपकी रसोई घर के आग्नेय कोण में नहीं है, तो आप इसे उस दिशा में स्थानांतरित करने पर विचार कर सकते हैं।

  • सोने का कमरा: यदि आपका सोने का कमरा पश्चिम या दक्षिण-पश्चिम दिशा में नहीं है, तो आप इसे उस दिशा में स्थानांतरित करने पर विचार कर सकते हैं।

  • पूजा कक्ष: यदि आपका पूजा कक्ष घर के ईशान कोण में नहीं है, तो आप इसे उस दिशा में स्थानांतरित करने पर विचार कर सकते हैं।

  • खुला स्थान: यदि आपके घर में पर्याप्त खुला स्थान और हरियाली नहीं है, तो आप कुछ पौधे लगा सकते हैं या एक छोटा बगीचा बना सकते हैं।

  • फर्नीचर: यदि आपके घर का फर्नीचर वास्तु के अनुरूप नहीं है, तो आप इसे बदलने पर विचार कर सकते हैं।

  • रंग: यदि आपके घर में रंगों का उपयोग वास्तु के अनुसार नहीं किया गया है, तो आप उन्हें बदलने पर विचार कर सकते हैं।

  • अन्य: यदि आपके घर में कोई वास्तु दोष है, तो आप उन्हें ठीक कर सकते हैं।

श्री युग कंस्ट्रक्शंस आपको आपके घर को वास्तु के अनुकूल बनाने में मदद कर सकता है। हम आपके घर का मूल्यांकन करेंगे और आपको अपनी आवश्यकताओं और बजट के अनुरूप सुझाव देंगे।

अधिक जानकारी के लिए, आज ही हमसे संपर्क करें!

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